दीपावली पर कैसे करें पूजा...

दीपावली पर कैसे करें पूजा

दीपावली पर कैसे करें पूजा...

दीपावली का त्यौहार क्या आता है। सबके मन में खुशियों की बहार लेकर आता है। हर बच्चा, जवान और बुजुर्ग रोशनी के इस पर्व का स्वागत बड़ी गर्मजोशी से करता है और इस त्यौहार से बस सबको यही उम्मीद रहती है कि लक्ष्मी इस बार हमारे घर में आकर हमें मालामाल कर जाए। लेकिन दीपावली के पर्व पर कैसे करे लक्ष्मी मां को प्रसन्न कि जिससे लक्ष्मी की कृपा हमेशा आप पर बनी रहे। आईए इसके बारे में मैं विनय बजरंगी आपको बताता हूं कि आप दीपावली पर कैसे करें पूजा जिससे हो सके आप मालामाल।

दीपावली के त्यौहार को धन और सुख-समृद्धि का त्यौहार माना जाता है। इसमें गणेश जी, माता लक्ष्मी, धन के स्वामी कुबेर, विद्या और ज्ञान की देवी सरस्वती की पूजा के अलावा देवी काली मां की पूजा भी की जाती है।

दीवाली वाली रात को बस सभी देवताओं से वरदान मांगे जाते है। क्या-क्या वरदान देवताओं से मांगे जाते हैं आईए मैं विनय बजरंगी आपको इसके बारे में बताता हूं। गणेश जी से सद्बुद्धि का ज्ञान मांगा जाता है। माता लक्ष्मी अपने भक्त की भक्ति से प्रसन्न होकर हमेशा धन का वरदान बख्शती हैं। दीपावली की रात को गणेश जी की, लक्ष्मी जी की और धन के स्वामी कुबेर की पूजा की जाती है।

दीवाली वाली रात को गंगाजल छिड़क कर घर को शुद्ध करना चाहिए। साथ ही घर के मुख्य द्वार पर रंगोली बनानी चाहिए।

घर के द्वार को आम के पत्तों और फूलों से सजाना चाहिए।

यही नहीं धन में इजाफा करने के लिए आप जेवरात वाले डिब्बे या यहां आप तिजोरी रखते हैं तिजोरी के ऊपर ओम और स्वास्तिक का चिन्ह बनाएं।

घर में गणेश और माता लक्ष्मी की मिट्टी की मूर्ति लाएं और उन मूर्तियों को गंगाजल से शुद्ध करें। पूजा की थाली को बड़े ही सलीके से सजाएं।

लक्ष्मी और गणेश की मूर्तियों के सामने भी ओम और स्वास्तिक का चिन्ह बनाएं। अहोई माता का चित्र भी लगाए।

पांच तरह का प्रसाद इन मूर्तियों के सामने रखना चाहिए।

किसी भी तरह की पूजा करने के लिए सबसे पहले गणेश जी की पूजा की जाती है। इस लिए दीपावली वाले दिन भी गणेश जी का ध्यान करते हुए हाथ में एक फूल लेकर सबसे पहले गणेश जी का ध्यान करना चाहिए। ओम गं गणपतये नम: का 108 बार जप करना चाहिए।

उसके बाद वरुण देवता की पूजा करनी चाहिए। कलश के ऊपर मौली बांधकर उस पर आम का पत्ते रखें। हाथ में अक्षत और फूल लेकर वरुण देवता का कलश में आहावन करें। जैसे गणेश जी की पूजा की है वैसे ही वरुण देवता की पूजा करनी चाहिए।

देवी लक्ष्मी का ध्यान करते हुए। आखिर में कपूर जलाते हुए लक्ष्मी और गणेश की आरती उतारें।

इस तरह दीपावली की रात इन देवताओं की सच्चे मन से अराधना करने से आपको धन की कमी नहीं रहेगी और ये दीपावली आपके लिए आपार खुशियां लेकर मैं विनय बजरंगी बस भगवान से यही प्रार्थना करता हूं और आप यूं ही हंसते, मुस्कारते हुए सबके साथ मिलकर हर त्यौहार मनाते रहें।